नई दिल्ली। कांग्रेस की एक रैली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर कथित तौर पर दिए गए विवादित बयान पर सियासत गरमा गई है। केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने इस मामले को गंभीर बताते हुए कांग्रेस नेतृत्व पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के खिलाफ इस तरह की भाषा न केवल लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है, बल्कि यह देश की सुरक्षा से जुड़ा बेहद संवेदनशील विषय है।
विपक्ष पर सीधा आरोप
किरण रिजिजू ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं की बयानबाजी लगातार एक खतरनाक दिशा में जा रही है। उन्होंने कहा, “प्रधानमंत्री के खिलाफ धमकी जैसे शब्दों का इस्तेमाल बेहद निंदनीय है। यह सिर्फ एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि देश के सर्वोच्च पद का अपमान है।”
राहुल गांधी और खरगे से माफी की मांग
केंद्रीय मंत्री ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की अपील की। उनका कहना है कि जब तक शीर्ष नेतृत्व इस तरह की बयानबाजी पर स्पष्ट रुख नहीं अपनाता, तब तक कांग्रेस की मंशा पर सवाल उठते रहेंगे।
BJP का कड़ा रुख
भाजपा नेताओं ने इसे लोकतंत्र और संवैधानिक मर्यादाओं के खिलाफ बताते हुए कहा कि राजनीतिक असहमति का मतलब यह नहीं कि प्रधानमंत्री के लिए धमकी भरी भाषा का इस्तेमाल किया जाए। पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि ऐसे बयान दोहराए गए तो कानूनी कार्रवाई पर भी विचार किया जा सकता है।
कांग्रेस की प्रतिक्रिया
हालांकि, कांग्रेस की ओर से अब तक इस मुद्दे पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि बयान को तोड़-मरोड़ कर पेश किया जा रहा है, लेकिन भाजपा इसे राजनीतिक हथियार बना रही है।
राजनीतिक माहौल गर्म
इस विवाद के बाद राजनीतिक माहौल और अधिक गर्म हो गया है। आगामी चुनावों से पहले बयानबाजी का स्तर लगातार गिरता दिख रहा है, जिस पर राजनीतिक विश्लेषक भी चिंता जता रहे हैं।
