लखनऊ। उत्तर प्रदेश में भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने कई इलाकों में रेड अलर्ट जारी कर दिया है, जिससे कड़कड़ाती ठंड और घने कोहरे का असर और बढ़ गया है। इस दौरान 25 जिलों में दृश्यता 50 मीटर से भी कम रहने का अनुमान है, जिससे सड़क, रेल और हवाई यातायात प्रभावित हो सकता है।
अलर्ट का हाल और कहां हैं रेड जोन
IMD के रेड अलर्ट वाले जिलों में प्रमुख रूप से शामिल हैं
अंबेडकर नगर, अमेठी, अयोध्या, आजमगढ़, बहराइच, बाराबंकी, बरेली, देवरिया, जौनपुर, कानपुर देहात, कानपुर नगर, कौशांबी, कुशीनगर, महराजगंज, मिर्जापुर, मुरादाबाद, प्रतापगढ़, प्रयागराज, रायबरेली, रामपुर, सहारनपुर, भदोही (संत रविदास नगर), श्रावस्ती, सुल्तानपुर और वाराणसी। इसके अलावा प्रदेश के कई अन्य जिलों में ऑरेंज अलर्ट भी जारी है, जहां दृश्यता 50 से 200 मीटर के बीच रह सकती है। लखनऊ, गोंडा, गोरखपुर, हरदोई, लखीमपुर खीरी, मऊ, पीलीभीत, सीतापुर और उन्नाव जैसे बड़े शहर भी इसमें शामिल हैं।
ठंड और कोहरे का असर
IMD का कहना है कि कड़कड़ाती ठंड और घना कोहरा अभी कुछ दिनों तक जारी रह सकता है, खासकर सुबह और देर रात में दृश्यता बेहद कम रहेगी। इससे सड़क और रेल मार्ग पर वाहन चालकों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
कब मिलेगी राहत?
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार कोहरा और ठंड की यह लहर अभी कम से कम अगले 2–3 दिनों तक जारी रहने की संभावना है। हालांकि कुछ इलाकों में दिन के तापमान में हल्की वृद्धि होने के संकेत हैं, लेकिन सुबह और रात के समय ठंड और कोहरा बने रह सकता है।
यातायात प्रभावित, यात्रियों को चेतावनी
घने कोहरे के कारण रेलवे और सड़क मार्गों पर ट्रेनों और वाहनों को धीमी गति से चलने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। कुछ ट्रेनों में लेट होने की खबरें हैं, वहीं कुछ की परिचालन में रुकावट भी देखी जा रही है। यात्रियों को अपनी यात्रा से पहले ट्रेन/फ्लाइट का स्टेटस चेक करने की सलाह दी जा रही है।
जनजीवन पर असर
कोहरे और सर्द हवाओं के कारण बुजुर्गों और बच्चों सहित सभी वर्गों को ठिठुरन का सामना करना पड़ रहा है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि इस मौसम में गर्म कपड़े, पर्याप्त पोषण और सर्दी से बचाव के उपाय अपनाए जाएं।
