लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी (BSP) की राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश की चार बार की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती के 70वें जन्मदिन पर प्रदेश की राजनीति में हलचल देखने को मिली। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और समाजवादी पार्टी (SP) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गुरुवार को उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं। वहीं, मायावती ने लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सपा, भाजपा और कांग्रेस पर जमकर हमला बोला और पार्टी कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए सत्ता में वापसी का दावा किया।
सीएम योगी की बधाई
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा “उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती जी को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं। भगवान श्री राम आपको दीर्घायु और उत्तम स्वास्थ्य प्रदान करें।”
अखिलेश यादव की शुभकामनाएं, BJP पर तंज
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी मायावती को जन्मदिन की बधाई देते हुए कहा “आदरणीय मायावती जी को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं। उनके स्वस्थ, स्वतंत्र जीवन और सार्थक सक्रियता के लिए अनंत शुभकामनाएं।” उन्होंने आगे कहा कि मायावती ने अपने पूरे राजनीतिक जीवन में शोषित, वंचित, पीड़ित और उपेक्षित वर्ग के सम्मान और अधिकारों के लिए प्रभावशाली ताकतों से संघर्ष किया है। अखिलेश यादव ने उम्मीद जताई कि “संविधान विरोधी BJP और उसके सहयोगियों को चुनौती देने का उनका संघर्ष आगे भी जारी रहेगा।”
मायावती का बड़ा बयान: सभी पार्टियां BSP को कमजोर करने में जुटीं
जन्मदिन के मौके पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में मायावती ने कहा “पिछले कुछ वर्षों में कांग्रेस, भाजपा और जाति आधारित अन्य पार्टियां BSP के आंदोलन को कमजोर करने की साजिश रच रही हैं। इसका करारा जवाब देना होगा, ताकि पूरे देश में BSP को मजबूत किया जा सके और उत्तर प्रदेश में फिर से सत्ता में आया जा सके।”
ब्राह्मण समुदाय को लेकर चेतावनी
मायावती ने कहा कि शीतकालीन सत्र के दौरान—
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भाजपा, सपा और कांग्रेस के ब्राह्मण नेता
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एक-दूसरे से मुलाकात कर
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अपने समुदाय की उपेक्षा पर चिंता जताते नजर आए
उन्होंने दावा किया कि BSP सरकार के दौरान ही ब्राह्मण समाज को सम्मान और प्रतिनिधित्व मिला था। उन्होंने कहा “ब्राह्मण समाज किसी भी पार्टी के झांसे में न आए। वे सम्मान, रोजगार और सुरक्षा के हकदार हैं, जो BSP शासन में मिला और सत्ता में लौटने पर फिर मिलेगा।”
सपा पर तीखा हमला
मायावती ने समाजवादी पार्टी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा “सपा शासन में गुंडों, माफियाओं और अपराधियों का राज रहा। दलितों का सबसे ज्यादा शोषण हुआ।”
उन्होंने 2 जून 1995 के लखनऊ गेस्ट हाउस कांड का जिक्र करते हुए कहा कि गठबंधन टूटने के बाद—
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सपा के हजारों गुंडों ने
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सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग कर
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उनकी जान लेने की कोशिश की थी
मायावती ने आरोप लगाया कि सपा शासन में सिर्फ एक समुदाय को फायदा होता है और मुसलमानों का भी शोषण किया जाता है।
उन्होंने कहा “उनका तथाकथित PDA इसी सोच का परिचायक है।”
‘जन कल्याणकारी दिवस’ के रूप में मनाया गया जन्मदिन
गौरतलब है कि मायावती गुरुवार को 70 वर्ष की हो गईं। BSP कार्यकर्ता पूरे प्रदेश में उनका जन्मदिन ‘जन कल्याणकारी दिवस’ के रूप में मना रहे हैं। लखनऊ में बड़ी संख्या में बसपा समर्थक और कार्यकर्ता जुटे, जिससे राजधानी में राजनीतिक माहौल गरमाया रहा।
