मोहनलालगंज, लखनऊ। ग्राम पंचायत भसण्डा में ग्राम समाज की भूमि पर कथित अवैध कब्जे को लेकर ग्रामीणों और ग्राम प्रधान का गुस्सा बढ़ता जा रहा है। आरोप है कि जेपी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट द्वारा करोड़ों रुपये मूल्य की सरकारी जमीन पर बिना अनुमति निर्माण कर कब्जा किया गया है, लेकिन बार-बार शिकायतों के बावजूद प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।

ग्रामीणों ने तहसील प्रशासन को दी शिकायत में बताया कि गाटा संख्या 65, 629, 630, 615, 626 और 584 की भूमि पर संस्थान की ओर से बाउंड्रीवाल, इंटरलॉकिंग सड़क, भवन और तालाब का निर्माण कराया गया है। आरोप है कि यह निर्माण बिना वैध अनुमति के ग्राम समाज की जमीन पर किया गया है। साथ ही भूमि की खुदाई कर अवैध खनन किए जाने की भी बात सामने आई है।

शिकायतकर्ताओं के अनुसार गाटा संख्या 626 और 615 राजस्व अभिलेखों में बंजर व ऊसर भूमि के रूप में दर्ज हैं, जबकि गाटा संख्या 65 पशुचर भूमि है। इन सार्वजनिक उपयोग की जमीनों पर कब्जे से ग्रामीणों के अधिकार प्रभावित हो रहे हैं और गांव के साझा संसाधनों पर संकट खड़ा हो गया है।

कई बार शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं

ग्रामीणों का कहना है कि इस मामले को लेकर कई बार सम्पूर्ण समाधान दिवस में शिकायत दर्ज कराई गई, लेकिन नतीजा सिफर रहा। वर्ष 2022 से लेकर 2025 तक अलग-अलग तिथियों पर तहसील स्तर पर प्रार्थना पत्र दिए गए। यहां तक कि उपजिलाधिकारी को मौके पर ले जाकर स्थिति दिखाई गई, फिर भी कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई।

प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल

गांव के लोगों का आरोप है कि संस्थान के संचालक प्रभावशाली होने के कारण प्रशासन सख्त कदम उठाने से बच रहा है। इससे ग्रामीणों में नाराजगी और असंतोष लगातार बढ़ता जा रहा है।

ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि ग्राम समाज की भूमि को तत्काल कब्जामुक्त कराया जाए और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। साथ ही यह भी कहा गया है कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो आगे आंदोलन किया जाएगा।

admin

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *