मोहनलालगंज, लखनऊ। नगराम थाना क्षेत्र में एक युवती ने युवक पर शादी का भरोसा देकर कई महीनों तक शारीरिक संबंध बनाने और बाद में विवाह से मुकरने का आरोप लगाया है। युवती के मुताबिक, शादी की बात करने पर युवक ने कथित तौर पर गाली-गलौज की और उसे व उसके परिजनों को जान से मारने की धमकी दी। पुलिस स्तर पर सुनवाई न होने का आरोप लगाते हुए युवती ने न्यायालय में प्रार्थना-पत्र दाखिल किया। अब अदालत के आदेश पर नगराम थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।
न्यायालय में दिए गए प्रार्थना-पत्र के अनुसार, युवती की मुलाकात 10 अप्रैल 2025 को एक शादी समारोह में नगराम थाना क्षेत्र के सुखलाल खेड़ा निवासी सूरज पुत्र अवधेश से हुई थी। युवती का आरोप है कि इसके बाद दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और युवक ने उससे शादी करने का भरोसा दिलाया। आरोप है कि इसी आश्वासन के आधार पर युवक ने कई महीनों तक उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।
युवती ने आरोप लगाया कि काफी समय बीतने के बाद जब उसने शादी करने की बात कही, तो युवक हर बार कोई न कोई बहाना बनाकर मामला टालता रहा। इसके बाद उसने अपने परिजनों को पूरी जानकारी दी। प्रार्थना-पत्र के मुताबिक, परिवार के लोगों ने युवक और उसके परिजनों से बातचीत कर मामले को सुलझाने का प्रयास किया, लेकिन विवाद बढ़ गया।
युवती का आरोप है कि बातचीत के दौरान युवक ने कथित तौर पर गाली-गलौज करते हुए उसे और उसके परिजनों को जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उसने पुलिस से शिकायत की। युवती के अनुसार, उसने 20 अप्रैल 2026 को पंजीकृत डाक से नगराम थाने में शिकायत भेजी थी। आरोप है कि वहां सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद 29 अप्रैल 2026 को अपर पुलिस आयुक्त, मोहनलालगंज और पुलिस आयुक्त, लखनऊ को भी डाक के माध्यम से शिकायत भेजी गई, लेकिन उसे राहत नहीं मिली।
पुलिस से कार्रवाई न होने का आरोप लगाते हुए युवती ने अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट चतुर्थ, लखनऊ की अदालत में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 173(4) के तहत प्रार्थना-पत्र प्रस्तुत किया। इसमें युवक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने और मामले की विवेचना कराने का आदेश देने की मांग की गई थी।
नगराम थाना प्रभारी अंजनी सिंह ने बताया कि मामला पहले उनके संज्ञान में नहीं था। उन्होंने कहा कि न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि विवेचना के दौरान जुटाए जाने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर होगी।
