UP: अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास का लखनऊ के एसजीपीजीआई में आज निधन हो गया। अस्पताल प्रशासन ने उनके निधन की पुष्टि की है। 3 फरवरी को उन्हें एसजीपीजीआई में भर्ती कराया गया था, जहां ब्रेन स्ट्रोक आने के बाद वे न्यूरोलॉजी वार्ड एचडीयू में उपचाराधीन थे।
अयोध्या के श्री राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास का आज लखनऊ के SGPGI में निधन हो गया। अस्पताल ने इसकी पुष्टि की है। उन्हें 3 फरवरी को SGPGI में भर्ती कराया गया था . #BreakingNews #stockmarketscrash #PiNetwork #RanveerAllahbadiaControversy pic.twitter.com/717TdDCGgp
— GK News Live युवा जोश, नई सोंच शहर से गांव तक (@GkNewsLive1) February 12, 2025
डॉक्टरों की कोशिशें नाकाम:-
पीजीआई के निदेशक डॉ. आर.के. धीमान ने बताया कि आचार्य सत्येंद्र दास का इलाज डॉक्टरों की निगरानी में लगातार चल रहा था, लेकिन ब्रेन स्ट्रोक के अलावा अन्य बीमारियों से ग्रसित होने के कारण उन्हें बचाया नहीं जा सका। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी अस्पताल में उनका हालचाल जाना था। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट और रामनगरी के मठ-मंदिरों ने आचार्य सत्येंद्र दास के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। बुधवार को माघ पूर्णिमा के शुभ दिन सुबह 7 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। 1993 से वे श्रीरामलला की पूजा कर रहे थे।
परम रामभक्त, श्री राम जन्मभूमि मंदिर, श्री अयोध्या धाम के मुख्य पुजारी आचार्य श्री सत्येन्द्र कुमार दास जी महाराज का निधन अत्यंत दुःखद एवं आध्यात्मिक जगत की अपूरणीय क्षति है। विनम्र श्रद्धांजलि!
प्रभु श्री राम से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान दे…
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) February 12, 2025
श्रद्धांजलि और शोक संवेदनाएं:-
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महामंत्री चंपत राय सहित मंदिर प्रबंधन के अन्य सदस्यों ने मुख्य पुजारी के निधन पर संवेदना व्यक्त की है। इसके अलावा, राम मंदिर भवन निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र, ट्रस्टी विमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र, डॉ. अनिल मिश्र और गोपाल जी ने भी उन्हें श्रद्धांजलि दी।
सीएम योगी आदित्यनाथ की श्रद्धांजलि:-
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आचार्य सत्येंद्र दास के निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि “यह समाज और आध्यात्मिक जगत के लिए अपूरणीय क्षति है।” उन्होंने प्रार्थना की कि भगवान श्रीराम दिवंगत आत्मा को अपने चरणों में स्थान दें और उनके अनुयायियों को यह दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें। ॐ शांति!
