UP: लखनऊ के केडी सिंह बाबू स्टेडियम में पूर्व सांसद कौशल किशोर द्वारा आयोजित महिला साड़ी मैराथन (5 किमी) का भव्य आयोजन किया गया। इस अनोखे इवेंट में हजारों महिलाओं ने पारंपरिक भारतीय परिधान साड़ी पहनकर दौड़ लगाई, जिसे देखने के लिए भारी संख्या में लोग पहुंचे। इस मैराथन में नारी शक्ति की झलक और भारतीय संस्कृति का अद्भुत संगम देखने को मिला।

मैराथन की शुरुआत पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं पूर्व सांसद कौशल किशोर, विधायक जय देवी कौशल (मलिहाबाद), विधायक अमरेश रावत (मोहनलालगंज) और अन्य गणमान्य अतिथियों द्वारा हरी झंडी दिखाकर की गई। दौड़ में शामिल महिलाओं ने पूरे जोश और उमंग के साथ इस मैराथन में भाग लिया।
महिलाओं के खेल में भागीदारी को बढ़ावा:-
कौशल किशोर ने बताया कि, इस तरह के आयोजनों का उद्देश्य महिलाओं, विशेषकर घरेलू महिलाओं को खेलों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करना है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को सिर्फ परिवार तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि हर क्षेत्र में आगे बढ़कर समाज और देश के विकास में अहम भूमिका निभानी चाहिए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “विकसित भारत” और “आत्मनिर्भर भारत” के संकल्प को ध्यान में रखते हुए महिलाओं की भागीदारी को बढ़ाने का यह एक महत्वपूर्ण प्रयास है। उन्होंने कहा कि, इस तरह की प्रतियोगिताओं से छिपी हुई प्रतिभाओं को सामने लाने का अवसर मिलता है और महिलाएं अपनी संस्कृति को बनाए रखते हुए राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकती हैं।

प्रतियोगिता के विजेता और पुरस्कार:-
इस मैराथन में 18 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं ने भाग लिया। विजेताओं को आकर्षक नकद पुरस्कार और प्रमाणपत्र दिए गए:
प्रथम स्थान: गुड़िया – ₹51,000
द्वितीय स्थान: नीलम – ₹41,000
तृतीय स्थान: सोनम – ₹31,000
इसके अलावा, अगले दस प्रथम स्थान प्राप्त महिलाओं को ₹5100, उसके बाद दस महिलाओं को ₹4100, फिर अगली दस महिलाओं को ₹3100 और अगली बीस महिलाओं को ₹2100 की धनराशि दी गई।
मैराथन में 430 महिलाओं की भागीदारी:-
कुल 430 महिलाओं ने इस मैराथन में भाग लिया। सभी को प्रमाणपत्र और साड़ी उपहार स्वरूप दी गई। इस मौके पर प्रभात किशोर, मनोज प्रजापति, प्रवीण अवस्थी, जगदंबा त्रिपाठी, सदाशिव मिश्रा, अमित मोहन, राजेंद्र लहरी, राम जीवन जैसवाल सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। यह आयोजन नारी शक्ति को बढ़ावा देने और भारतीय परंपरा को बनाए रखते हुए महिलाओं को खेलों से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।
