लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक बार फिर देश की ऐतिहासिक चेतना को झकझोरने वाला बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि “विदेशी आक्रांताओं के नाम पर किसी भी प्रकार का आयोजन नहीं होना चाहिए।”
मुख्यमंत्री ने यह बात एक सार्वजनिक कार्यक्रम में कही, जहां उन्होंने भारत की सांस्कृतिक विरासत और इतिहास के सम्मान की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि देश को अपने महापुरुषों, स्वतंत्रता सेनानियों और संस्कृति के संरक्षकों को याद करना चाहिए, न कि उन लोगों को, जिन्होंने यहां आकर अत्याचार किए।
CM योगी ने कहा…“भारत को अपनी पहचान और संस्कृति पर गर्व होना चाहिए। जो लोग इस देश पर हमला करने आए, जिन्होंने यहां की सभ्यता को नष्ट करने की कोशिश की, उनके नाम पर कोई आयोजन या स्मारक नहीं होना चाहिए।”
इतिहास को लेकर सख्त रुख…
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पहले भी ऐसे बयानों के लिए चर्चा में रह चुके हैं। वे मुग़ल शासकों और अन्य विदेशी आक्रांताओं को भारत की सांस्कृतिक विरासत के विरोध में मानते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार उन नायकों को बढ़ावा दे रही है जिन्होंने भारत को जोड़ने और सशक्त बनाने में योगदान दिया।
