लखनऊ। हजारों नशामुक्त सेनानियों के आगे बरसात भी फीकी पड़ गई। अंग्रेजों भारत छोड़ो की तर्ज पर विकसित भारत आत्मनिर्भर इंसान नशा मुक्त युवा बनाने के लिए आज नशा मुक्त समाज आंदोलन अभियान कौशल का एवं पारख महासंघ के तत्वाधान में कई हजार लोगों ने लखनऊ के घंटाघर से परिवर्तन चौक स्थित नेता सुभाष चंद्र बोस जी की प्रतिमा तक हिंदुस्तानियों नशा छोड़ो विशाल पदयात्रा निकाली।

रविवार दोपहर करीब 2 बजे कौशल किशोर के नेतृत्व में हजारों की संख्या में नशामुक्त सेनानी एकत्रित हो गए । जिनके आगे बरसात भी फीकी पड़ गई । कौशल किशोर के नेतृत्व में युवक, नौजवान, महिलाएं व बच्चे हिन्दुस्तानियों नशा छोड़ो के नारे लगते हुए हुए घंटाघर से पदयात्रा निकाल दी। भारी बरसात के बीच निकल रही पदयात्रा को देख राहगीर नशामुक्त सेनानियों के हौसले को देख सराहना करने लगे ।
नशामुक्त समाज अभियान कौशल का के तहत निकाली गई इस पदयात्रा को संबोधित करते हुए पूर्व केन्द्रीय राज्यमंत्री कौशल किशोर ने कहा कि नशा एक अभिशाप है, जो मनुष्य को खोखला करने के साथ उसे असमय मृत्यु की कगार पर पहुंचा देता है। मानव मानव एक समान जाति पाति का मिटे निशान के नारे को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मानव में किसी भी जाति का भेदभाव नहीं होना चाहिए। नशा करने वाले व्यक्ति का समाज में कोई सम्मान नहीं करता है । इसलिए हमें अपने आपको नशे से बचाने के साथ साथ अपने बच्चों रिश्तेदारों दोस्तो को भी नशे से बचाना चाहिए।

उन्होंने खासकर महिलाओं से अपील की कि वह रक्षाबंधन के पावन पर्व पर अपने भाइयों की कलाई पर रक्षासूत्र बांधने के साथ भाइयों को नशे से दूर रहने का संकल्प भी दे। इस कार्यक्रम में प्रमुख रूप से मलिहाबाद विधायक जयदेवी कौशल, मोहनलालगंज विधायक अमरेश रावत, ब्लाक प्रमुख निर्मल वर्मा, ब्लाक प्रमुख विनय वर्मा, भाजपा नेता नागेश्वर द्विवेदी, अनुसूचित मोर्चा के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष विकास किशोर आशू, भसंडा प्रधान ललित शुक्ला, राजू शुक्ला, प्रभात किशोर, प्रवीण अवस्थी, अखिलेश उर्फ अंजू सिंह, मीनू वर्मा, नवीन यादव, ओमप्रकाश साहू, सर्वेश रावत, जितेन्द्र गौतम, जितेन्द्र शुक्ला, सहित हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहे ।
