New Delhi: राजधानी दिल्ली में हवा की गुणवत्ता लगातार बिगड़ती जा रही है। एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) का स्तर ‘खराब’ से बढ़कर अब ‘बहुत खराब’ श्रेणी में पहुंच गया है। मौसम विभाग और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, कई इलाकों में AQI 350 के पार दर्ज किया गया है, जो स्वास्थ्य के लिहाज से बेहद खतरनाक स्तर माना जाता है।
लगातार गिरती वायु गुणवत्ता
दिल्ली के आनंद विहार, जहांगirpuri, विवेक विहार, और अशोक विहार जैसे इलाकों में PM 2.5 और PM 10 का स्तर सामान्य से कई गुना अधिक पाया गया है।
रविवार को जहां औसत AQI करीब 280 के आसपास था, वहीं मंगलवार तक यह बढ़कर 360 से अधिक हो गया है।
बढ़ते प्रदूषण के पीछे क्या हैं कारण?
विशेषज्ञों के मुताबिक, वायु प्रदूषण बढ़ने की बड़ी वजहें हैं:
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पराली जलाने की घटनाओं में बढ़ोतरी
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सड़कों पर बढ़ते वाहन उत्सर्जन
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निर्माण कार्यों और धूल का बढ़ता स्तर
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हवा की कम रफ्तार और ठंडक, जिससे प्रदूषक कण फंसे रह जाते हैं
सांस के मरीजों के लिए बढ़ा खतरा
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि ऐसी स्थिति में अस्थमा, ब्रोंकाइटिस, और सांस की दिक्कत वाले मरीजों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
बच्चों और बुजुर्गों को बिना जरूरत बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है। डॉक्टरों के मुताबिक, प्रदूषण के कारण गले में जलन, आंखों में खुजली, खांसी और सिरदर्द जैसी शिकायतें बढ़ रही हैं।
सरकार ने कड़े कदम उठाए
वायु गुणवत्ता में सुधार लाने के लिए दिल्ली सरकार ने ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) लागू कर दिया है।
इसके तहत:
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निर्माण कार्यों पर रोक
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डीजल वाहनों की जांच
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सड़क पर पानी का छिड़काव
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सार्वजनिक परिवहन को प्रोत्साहन
जैसे कदम उठाए जा रहे हैं।
