Up crime: गोंडा जिले के देहात कोतवाली क्षेत्र के कोयली गांव में रविवार देर शाम एक पंचायत के दौरान ऐसा बवाल मचा कि पूरा गांव दहशत में आ गया। दो पक्षों के बीच शुरू हुआ विवाद देखते-देखते खूनी संघर्ष में बदल गया। धारदार हथियारों से हुए हमले में भूतपूर्व सैनिक आनंद यादव, उनके परिजनों किशन यादव और दशरथ यादव गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना के बाद तीनों घायलों को तुरंत गोंडा मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। हालत बेहद गंभीर होने के कारण आनंद यादव और किशन यादव को लखनऊ रेफर किया गया है, जहां डॉक्टर उनकी स्थिति पर लगातार निगरानी रखे हुए हैं। वहीं दशरथ यादव का इलाज गोंडा मेडिकल कॉलेज में जारी है और उनकी स्थिति भी चिंताजनक बताई जा रही है।
पंचायत में क्यों भड़की हिंसा?
स्थानीय लोगों के अनुसार, गांव में चल रहे एक पुराने विवाद को लेकर पंचायत बुलाई गई थी। लेकिन बातचीत के दौरान बहस इतनी बढ़ गई कि दूसरी ओर से कथित रूप से भगवान शंकर उर्फ उत्तम सिंह, गौरी शंकर सिंह, आलोक सिंह, सत्यम उर्फ गणेश सिंह, अतुल सिंह, अंकुश सिंह, राजेश, विजय तिवारी, दीपु तिवारी, श्याम नारायण तिवारी, रवि तिवारी और सौरभ शुक्ला समेत कई लोग एकजुट होकर पहुंचे और धारदार हथियारों से हमला बोल दिया। हमले की तीव्रता का अंदाज़ा इसी से लगाया जा सकता है कि मौके पर दौड़-भाग और चीख-पुकार मच गई और पंचायत स्थल कुछ ही मिनटों में रणभूमि बन गया।
पुलिस की बड़ी कार्रवाई, गांव में भारी फोर्स तैनात
घटना की सूचना मिलते ही देहात कोतवाली प्रभारी संजय कुमार सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और पूरे क्षेत्र को घेर लिया। मामले की गंभीरता देखते हुए गांव में अतिरिक्त फोर्स भी तैनात कर दी गई है ताकि किसी तरह की और घटना न हो।
एसपी विनीत जायसवाल ने बताया कि घटना का विस्तृत संज्ञान लिया गया है और सभी आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। उन्होंने साफ कहा कि “दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा, कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
गांव में तनाव, लेकिन स्थिति नियंत्रण में
फिलहाल गांव में तनाव का माहौल है, लेकिन पुलिस की मौजूदगी से स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है। पूछताछ और तलाशी अभियान जारी है, और पुलिस सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान चला रही है।
इस सनसनीखेज घटना ने इलाके में दहशत पैदा कर दी है, और लोग पंचायतों में बढ़ती हिंसा पर चिंता जताते दिखाई दे रहे हैं।
