Lucknow: उपभोक्ताओं से जुड़े मामलों में लापरवाही और कथित मनमानी को लेकर बिजली विभाग में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की गई है। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम प्रबंधन ने सात इंजीनियरों को निलंबित कर दिया है, जबकि कलेक्शन इकाई से जुड़े 24 कर्मचारियों का लखनऊ से तबादला कर अन्य जिलों में संबद्ध किया गया है।

बताया जा रहा है कि उपभोक्ताओं की शिकायतों और कार्यप्रणाली को लेकर उठे सवालों के बाद यह कदम उठाया गया। विभागीय स्तर पर जांच के बाद संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई का निर्णय लिया गया। प्रबंध निदेशक रिया केजरीवाल की ओर से जारी आदेश में अधिशासी अभियंता, उपखंड अधिकारियों और जूनियर इंजीनियरों समेत सात इंजीनियरों को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। निलंबित अधिकारियों को मुख्यालय से दूर संबद्ध किया गया है।

इसके साथ ही राजस्व वसूली से जुड़े कर्मचारियों के कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठने के बाद कलेक्शन इकाई के सभी 24 कर्मचारियों का स्थानांतरण कर दिया गया है। अधिकारियों का कहना है कि उपभोक्ताओं के साथ किसी भी प्रकार का उत्पीड़न या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विभागीय सूत्रों के अनुसार, आगे भी कार्यप्रणाली की समीक्षा जारी रहेगी और यदि अन्य स्तर पर भी अनियमितताएं पाई जाती हैं तो अतिरिक्त कार्रवाई की जा सकती है। इस कार्रवाई को विभाग में जवाबदेही तय करने की दिशा में एक सख्त कदम माना जा रहा है।
