मोहनलालगंज। क्षेत्र के पूर्व माध्यमिक विद्यालय धनुवासांड़ में बुधवार को एक गरिमामय एवं प्रेरणादायक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर शिक्षा क्षेत्र में वर्षों तक योगदान देने वाले सेवानिवृत्त शिक्षकों का सम्मान किया गया, साथ ही ‘स्कूल चलो अभियान’ की औपचारिक शुरुआत कर शिक्षा के प्रति जनजागरूकता का संदेश दिया गया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपजिलाधिकारी पवन पटेल और विशिष्ट अतिथि के रूप में खंड शिक्षा अधिकारी सुशील कुमार मौजूद रहे। उनके साथ न्याय पंचायत भौंदरी के शिक्षक, विद्यालय परिवार और क्षेत्र के गणमान्य लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान सेवानिवृत्त सहायक अध्यापिका मीना विश्वकर्मा सहित करीब 50 शिक्षकों को अंगवस्त्र और माल्यार्पण कर सम्मानित किया गया।
ग्राम प्रधान कृष्णशरण प्रद्युम्न सिंह ने शिक्षकों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि उनका समर्पण समाज की नींव को मजबूत बनाता है। वहीं विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने माहौल को उत्साह से भर दिया और सभी का मन मोह लिया।
मुख्य अतिथि पवन पटेल ने बच्चों को निःशुल्क पाठ्य पुस्तकों का वितरण करते हुए कहा कि शिक्षक कभी वास्तव में सेवानिवृत्त नहीं होते, बल्कि उनका अनुभव जीवनभर समाज का मार्गदर्शन करता है। खंड शिक्षा अधिकारी सुशील कुमार ने ‘स्कूल चलो अभियान’ के महत्व पर प्रकाश डालते हुए अभिभावकों से अपने बच्चों का विद्यालय में नामांकन सुनिश्चित करने की अपील की। उन्होंने शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए रैली निकालने पर भी जोर दिया।
कार्यक्रम के दौरान दो बच्चों—राखी और दिव्यांशु—का कक्षा 6 में नया नामांकन भी कराया गया, जो अभियान की सार्थकता को दर्शाता है।
समारोह का सबसे भावुक क्षण तब आया जब समर्पित शिक्षिका मीना विश्वकर्मा को विदाई दी गई। इस दौरान विद्यार्थी और शिक्षक भावुक हो उठे। प्रधानाध्यापक राकेश कुमार यादव ने उनके उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना करते हुए कहा कि विद्यालय परिवार को भविष्य में भी उनके मार्गदर्शन की आवश्यकता बनी रहेगी।
अंत में विद्यालय परिवार और छात्रों ने अपने हाथों से तैयार किए गए उपहार भेंट कर मीना विश्वकर्मा को स्नेहपूर्ण विदाई दी। यह कार्यक्रम शिक्षकों के सम्मान के साथ-साथ शिक्षा के महत्व को जन-जन तक पहुंचाने का सशक्त संदेश भी दे गया।
