थाना प्रभारी निरीक्षक अनुज कुमार तिवारी के अनुसार, निगोहां गांव निवासी रफीकुन निशा अपने परिवार के साथ 13 जून को देवा शरीफ दर्शन के लिए गई थीं। वापस लौटने पर उन्होंने घर के कमरे में रखे बक्से का ताला टूटा पाया और उसमें रखे कीमती आभूषण गायब मिले। पीड़िता की शिकायत पर अज्ञात चोरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की थी।
घटना के खुलासे के लिए पुलिस टीम ने सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय सूचनाओं के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया। इसी क्रम में मुखबिर की सूचना पर महुवारी बाग के पास से फरीद (20) पुत्र लतीफ तथा शानू (21) पुत्र शब्बीर, दोनों निवासी निगोहां को गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ के दौरान दोनों आरोपितों ने स्वीकार किया कि उन्हें पहले से जानकारी थी कि पीड़ित परिवार घर से बाहर गया हुआ है। इसका फायदा उठाकर वे पीछे की दीवार के रास्ते घर में दाखिल हुए और बक्से का ताला तोड़कर उसमें रखे जेवर चोरी कर लिए। वारदात के बाद चोरी का सामान महुवारी बाग स्थित एक पुराने खंडहर में छिपा दिया गया था। आरोपित चोरी का माल बेचने की तैयारी में थे, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उन्हें दबोच लिया।
पुलिस ने आरोपितों की निशानदेही पर सोने का हार, झुमकी, अंगूठी, मांगटीका, नाक की कील समेत अन्य आभूषण तथा चांदी की पायल, हथफूल और बिछिया बरामद की है। मामले में दर्ज मुकदमे में अन्य संबंधित धाराओं की भी बढ़ोतरी की गई है।
प्रभारी निरीक्षक अनुज कुमार तिवारी ने बताया कि तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए चोरी की घटना का शीघ्र खुलासा किया गया है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में अपराधियों के खिलाफ सख्त अभियान आगे भी जारी रहेगा।
गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक अनूप तिवारी, उपनिरीक्षक मनीष कुमार, कांस्टेबल चंदन यादव और कांस्टेबल मोहित सैनी सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से क्षेत्रीय लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है।
