मोहनलालगंज, लखनऊ। मोहनलालगंज कोतवाली क्षेत्र में जबरेला पुल के पास सई नदी में गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान हुए हादसे में जान गंवाने वाले सिसेंडी गांव के तीन युवकों के परिवारों को आर्थिक सहायता दी गई। रविवार को क्षेत्रीय विधायक अमरेश रावत ने मृतक धीरज, हरिप्रसाद और प्रमोद के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया और प्रत्येक परिवार को चार-चार लाख रुपये की सहायता राशि का चेक सौंपा।

इस दौरान उपजिलाधिकारी आकाश सिंह समेत प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। विधायक ने पीड़ित परिवारों से मुलाकात कर उनकी स्थिति जानी और हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया।
बोले विधायक- अपनों को खोने का दर्द कोई सहायता कम नहीं कर सकती
विधायक अमरेश रावत ने कहा कि परिवार के सदस्य को खोने का दुख किसी आर्थिक सहायता से दूर नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि इस मुश्किल घड़ी में सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है और पात्र परिवारों को नियमानुसार हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों से कहा कि मुख्यमंत्री राहत कोष और अन्य पात्र सरकारी योजनाओं का लाभ पीड़ित परिवारों तक बिना अनावश्यक देरी के पहुंचाया जाए।
उपजिलाधिकारी आकाश सिंह ने भी अधिकारियों को राहत एवं सहायता से संबंधित प्रक्रिया जल्द पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पात्र परिवारों को सरकारी सहायता प्राप्त करने में किसी तरह की परेशानी न हो, इसका विशेष ध्यान रखा जाएगा।
नवजात बेटी के हाथ में चेक देख भावुक हुआ माहौल
आर्थिक सहायता वितरण के दौरान माहौल उस समय बेहद भावुक हो गया, जब दिवंगत हरिप्रसाद की नवजात बेटी के हाथों में सहायता राशि का चेक सौंपा गया। परिजनों के अनुसार हादसे में हरिप्रसाद की मौत के अगले ही दिन उनकी बेटी का जन्म हुआ था।
वहीं हादसे में जान गंवाने वाले धीरज की पत्नी भी गर्भवती हैं। दोनों परिवारों की परिस्थितियों को देखकर मौके पर मौजूद लोग भावुक हो उठे।
परिवारों के सामने आजीविका की चुनौती
ग्रामीणों के मुताबिक तीनों मृतक परिवार आर्थिक रूप से कमजोर हैं। परिवार के कमाऊ सदस्यों की असमय मौत के बाद उनके सामने रोजमर्रा की जरूरतों के साथ भविष्य को लेकर भी चुनौती खड़ी हो गई है।
प्रशासन की ओर से आर्थिक सहायता के साथ अन्य अनुमन्य राहत और पुनर्वास संबंधी लाभ उपलब्ध कराने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जा रही है। इस मौके पर पूर्व मंडल अध्यक्ष सुधांशु सिंह, किसान मोर्चा मंडल अध्यक्ष अभय सिंह समेत कई स्थानीय लोग मौजूद रहे।
सिसेंडी गांव में अब भी पसरा मातम
हादसे के बाद से सिसेंडी गांव में शोक का माहौल बना हुआ है। ग्रामीण और क्षेत्र के लोग लगातार मृतकों के परिवारों से मिलकर अपनी संवेदनाएं व्यक्त कर रहे हैं।
तीनों युवकों के असमय निधन ने उनके परिवारों को गहरा आघात पहुंचाया है। ग्रामीणों का कहना है कि इस कठिन समय में पीड़ित परिवारों को प्रशासन और समाज की ओर से लगातार सहयोग और सहारे की जरूरत है।
