UP News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस कांस्टेबल भर्ती प्रक्रिया को लेकर समाजवादी पार्टी पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश में 60,244 युवाओं की निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से नियुक्ति की गई है। बिना किसी सिफारिश और पक्षपात के सभी को समान अवसर मिल रहा है। जबकि, पिछली सरकार में भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह भ्रष्टाचार से ग्रसित थी।
आजमगढ़ में गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि एक समय था जब सपा शासन में ‘चाचा-भतीजा’ बैग लेकर वसूली के लिए निकल पड़ते थे। बिना रिश्वत दिए किसी की नियुक्ति नहीं होती थी। लेकिन अब सब कुछ ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ हो रहा है। मुख्यमंत्री ने गर्व से कहा, आज उत्तर प्रदेश में बिना किसी भेदभाव के युवाओं को भर्ती किया जा रहा है। 2017 से पहले यह संभव नहीं था। अब हम ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र को साकार कर रहे हैं।
पूर्ववर्ती सपा सरकार पर आरोप
सीएम योगी ने सपा के कार्यकाल को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि आजमगढ़ ने मुख्यमंत्री और सांसद दिए, फिर भी न तो विश्वविद्यालय बना और न ही कोई महत्वपूर्ण परियोजना पूरी हुई। उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार ने गैर-सैफई वासी को सांसद बनाकर एक नया उदाहरण प्रस्तुत किया है। योगी आदित्यनाथ ने यह भी आरोप लगाया कि 2016 में जब समाजवादी पार्टी 110 मीटर चौड़ा एक्सप्रेसवे बनाने की बात कर रही थी, तब भी भ्रष्टाचार अपने चरम पर था। जो लोग पहले एक्सप्रेसवे परियोजना में घोटाले करते थे, आज वही लोग ईमानदारी का मुखौटा पहनकर सामने आ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा नेताओं की अंडरवर्ल्ड और मुंबई की डी कंपनी से सांठगांठ थी।
“नया भारत अब खामोश नहीं रहेगा”
मुख्यमंत्री ने कहा कि आजमगढ़ की छवि अब बदल रही है। देश की सुरक्षा से कोई भी खिलवाड़ करेगा तो अब उस पर सीधा प्रहार होगा, क्षेत्र की पहचान को कोई आंच नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को स्पष्ट संदेश दिया है—आतंकवाद को समर्थन देने वालों को अब बख्शा नहीं जाएगा। चाहे वह सर्जिकल स्ट्राइक हो या एयर स्ट्राइक, भारत अब पहले से कहीं अधिक सशक्त और निर्णायक है।
