Protests in Lucknow: 13 वर्षीय उनैज खान की मौत के मामले को लेकर बुधवार को नागरिकों, छात्र संगठनों और विभिन्न सामाजिक समूहों ने विरोध प्रदर्शन किया। शहर के Parivartan Chowk पर जुटे लोगों ने घटना की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग उठाई और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शन में कई सामाजिक संगठनों और छात्र समूहों के प्रतिनिधि शामिल हुए। वक्ताओं ने कहा कि एक नाबालिग बच्चे की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने पूरे समाज को झकझोर दिया है। उनका कहना था कि मामले की जांच जिस दिशा में आगे बढ़ रही है, उससे कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
प्रदर्शनकारियों ने यह भी कहा कि पुलिस द्वारा घटना को जल्दबाजी में “आकस्मिक गोलीबारी” बताया जाना और मुख्य आरोपी की अब तक गिरफ्तारी न होना चिंता का विषय है। उनका आरोप है कि जांच की प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी दिखाई दे रही है, जिससे न्याय मिलने को लेकर लोगों के मन में संदेह पैदा हो रहा है। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने पुलिस आयुक्त को संबोधित एक ज्ञापन भी सौंपा। ज्ञापन में घटना से जुड़े कई सवाल उठाए गए, जिनमें यह भी शामिल था कि परिवार को अस्पताल में बच्चे तक पहुंचने से क्यों रोका गया और बिना पूरी जांच के घटना को आकस्मिक कैसे बताया गया।
नागरिकों और संगठनों ने मांग की कि एफआईआर में नामित सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाए। साथ ही पोस्टमॉर्टम और फोरेंसिक रिपोर्ट सार्वजनिक करने, घटना स्थल के सभी सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने और जांच से जुड़े तथ्यों को सामने लाने की मांग भी की गई। प्रदर्शन में शामिल लोगों ने यह भी कहा कि मामले की जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी या विशेष जांच दल (एसआईटी) को सौंपी जानी चाहिए, ताकि पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हो सके।
वक्ताओं ने कहा कि यह मामला केवल एक बच्चे को न्याय दिलाने का ही नहीं, बल्कि कानून के शासन और लोकतांत्रिक जवाबदेही से भी जुड़ा हुआ है। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक मामले में निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, तब तक नागरिक समाज अपनी आवाज उठाता रहेगा।
