मोहनलालगंज, लखनऊ। मोहनलालगंज, निगोहां और नगराम क्षेत्र में लगातार तीन दिनों से हो रही बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। जलभराव और खराब रास्तों के बीच अब बिजली संकट ने ग्रामीणों की परेशानी और बढ़ा दी है। क्षेत्र के करीब 50 गांवों में विद्युत आपूर्ति प्रभावित होने की बात सामने आई है। कई गांवों में ग्रामीणों के मुताबिक करीब 72 घंटे से बिजली नहीं आई है।
लगातार बारिश के बीच कई स्थानों पर बिजली के तार, खंभे और लाइनों में फाल्ट आने से आपूर्ति बाधित हुई है। लंबे समय तक बिजली नहीं आने के कारण ग्रामीणों को रोजमर्रा की जरूरतों के लिए भी परेशान होना पड़ रहा है।
बिजली गुल, पेयजल संकट भी गहराया
विद्युत आपूर्ति बाधित होने का सीधा असर पेयजल व्यवस्था पर पड़ा है। जिन गांवों में घरों और सार्वजनिक स्थानों पर पानी की व्यवस्था विद्युत मोटरों से जुड़ी है, वहां बिजली न होने के कारण पानी उपलब्ध कराने में दिक्कत आ रही है। ग्रामीणों का कहना है कि लगातार बारिश के बावजूद बिजली आपूर्ति बहाल नहीं होने से हालात मुश्किल होते जा रहे हैं। कई परिवारों को पीने के पानी और अन्य जरूरी कामों के लिए वैकल्पिक इंतजाम करने पड़ रहे हैं।
इनवर्टर भी हुए बंद, मोबाइल चार्ज करना मुश्किल
कई इलाकों में लंबे समय से बिजली नहीं आने के कारण इनवर्टर और बैटरी भी जवाब दे चुके हैं। घरों में अंधेरा पसरा है और मोबाइल फोन चार्ज करना भी लोगों के लिए चुनौती बन गया है। ग्रामीणों के मुताबिक मोबाइल बंद होने से रिश्तेदारों और परिचितों से संपर्क करने में भी परेशानी हो रही है। बारिश के बीच बिजली कटौती का असर बच्चों, बुजुर्गों और जरूरतमंद लोगों पर ज्यादा पड़ रहा है।
जलभराव से बिजली कर्मचारियों के सामने भी चुनौती
ग्रामीणों का कहना है कि विद्युत विभाग के कर्मचारी फाल्ट तलाशने और आपूर्ति बहाल करने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन लगातार बारिश और कई स्थानों पर जलभराव के कारण मरम्मत कार्य प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के अधिकारियों से मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों में प्राथमिकता के आधार पर टीमों को भेजकर खराब लाइनों और फाल्ट को जल्द दुरुस्त कराया जाए।
किसानों की भी बढ़ी चिंता
बारिश के कारण खेतों में पानी भरने से किसानों की चिंता भी बढ़ गई है। वहीं बिजली आपूर्ति बाधित होने से नलकूप और विद्युत मोटरों पर निर्भर सिंचाई व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों के मुताबिक क्षेत्र के दर्जनों गांवों में बिजली संकट से बड़ी आबादी प्रभावित है। हालांकि करीब पांच लाख लोगों के प्रभावित होने का दावा स्थानीय स्तर पर किया जा रहा है, इसकी आधिकारिक पुष्टि संबंधित विभाग से होना बाकी है।
ग्रामीणों ने की जल्द विद्युत आपूर्ति बहाल करने की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि यदि बारिश का दौर आगे भी जारी रहा और बिजली आपूर्ति सामान्य नहीं हुई तो पेयजल, मोबाइल संचार और घरेलू जरूरतों से जुड़ी परेशानियां और बढ़ सकती हैं। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग से मांग की है कि प्रभावित गांवों में युद्धस्तर पर मरम्मत अभियान चलाकर विद्युत आपूर्ति जल्द से जल्द बहाल की जाए, ताकि बारिश के बीच लोगों को राहत मिल सके।
