Category: धर्म कर्म

सावन का अंतिम सोमवार आज, शिवालयों में उमड़ी भक्तों की भीड़

Sawan 2023: आज सावन का आठवाँ यानी आखिरी सोमवार है। सावन के महीने में सोमवार का विशेष महत्व होता है। यही वजह है कि ‘‘ मिनी काशी’’ कहे जाने वाले…

गुरु को तडप से याद करोगे तो गुरु दर्शन देने स्वयं आते हैं: बाबा उमाकांत जी

धर्म-कर्म : जयगुरुदेव नाम की अलौकिक शक्ति का इजहार अपने सब भक्तों में कराने वाले, दुनिया में जयगुरुदेव नाम का लोहा मनवाने वाले, मौज के धनी, प्रेम और तड़प से…

Ganesh Chaturthi 2023: कब है गणेश चतुर्थी? जानें बप्पा की पूजा का शुभ मुहूर्त

Ganesh Chaturthi 2023: सनातन धर्म में ऋद्धि-सिद्धि के दाता भगवान श्री गणेश जी की पूजा का बहुत ज्यादा महत्व माना गया है. जिस गणपति की पूजा से ही किसी भी…

जानिए क्यों मनाया जाता है रक्षाबंधन?, क्या है इसकी पौराणिक मान्यताएं…

Rakshabandhan 2023: भारत देश में कई त्योहार मनाए जाते है पर रक्षाबंधन का अपना एक अलग महत्त्व है | रक्षाबंधन का त्यौहार भाई और बहनों के अटूट प्रेम को त्योहार…

सावन पुत्रदा एकादशी कल, जानिए शुभ मुहूर्त और पूजा विधि…

Sawan Ekadashi 2023: हिंदू धर्म में एकादशी का अपना एक महत्त्व है | लेकिन सावन की एकादशी सबसे ज्यादा महत्पूर्ण हो जाती है | हिन्दू धर्म में हर साल कई…

Sawan Purnima 2023: कब है सावन की आखिरी पूर्णिमा, जानिए सही तिथि व स्नान-दान का महत्व

Sawan Purnima 2023: हिंदू धर्म में पूर्णिमा का बहुत महत्व है। श्रावण मास में पड़ने वाली पूर्णिमा को श्रावण पूर्णिमा के नाम से जाना जाता है। इस दिन स्नान-दान करने…

सन्त विधि के विधान को भी टाल देते हैं: बाबा उमाकांत जी महाराज

धर्म-कर्म : अपने भक्तों के लिए विधि के विधान को भी टाल देने वाले, जो प्रारब्ध में नहीं है उसे भी अब तो रूटीन में देने वाले, वक़्त के पूरे…

आत्मा को मुक्ति परमात्मा के पास पहुँचने पर ही मिलती है: उमाकांत जी महाराज

धर्म कर्म: बाबा जय गुरु देव के उत्तराधिकारी, इस समय के महापुरुष, पूरे समरथ सन्त सतगुरु, उज्जैन वाले बाबा उमाकान्त जी ने बताया कि बराबर संतसग सुनते रहना चाहिए। यूट्यूब…

Ekadashi Vrat 2023: जानें कब है सावन की आखिरी एकादशी, क्या है पूजा -विधि …

Ekadashi 2023: हिन्दू धर्म में एकादशी का बड़ा महत्व है। उसमे सावन के महीने में पड़ने वाली एकादशी का महत्त्व और बढ़ जाता है | इस माह में पुत्रदा एकादशी…

सन्त उमाकांत जी ने बताया कैसे चौरासी लाख योनियों में जीवात्मा को सजा भोगनी पड़ती है

धर्म-कर्म : जीवात्मा को नरकों की भयंकर पीड़ा से, चौरासी लाख योनियों के लम्बे चक्कर से बचा कर मुक्ति मोक्ष का रास्ता नाम दान देने वाले, इस समय के महापुरुष,…