पुरवा उन्नाव: बाबा जयगुरुदेव जी महाराज के आध्यात्मिक उत्तराधिकारी बाबा उमाकांत जी महाराज उज्जैन का संदेशा लेकर पधारे जोन प्रभारी ओम कुमार मिश्रा ने बाबा जयगुरूदेव जी महाराज के मुक्ति दिवस के शुभ अवसर पर सत्संग समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि, इसी पंच भौतिक मानव शरीर से ही प्रभु की प्राप्ति होती है चार खान चौरासी लाख योनियों में वह मालिक नहीं मिलता है, मनुष्य शरीर ही कर्म योनि है।
प्राणी को समय के संत सतगुरु की खोज करनी चाहिए और उनसे गुरु दीक्षा (नामदान) लेकर उनके बताए गए रास्ते पर चलकर जीते जी प्रभु को पाया जा सकता है। यह संसार ही दुखो का सागर है यहां कोई सुखी नहीं है इस समय सभी लोग बीमारी, लड़ाई, झगड़े, आर्थिक तंगी से परेशान हैं इससे बचत के लिए उन्होंने उपाय बताया कि जयगुरूदेव जयगुरूदेव जयगुरूदेव जय जयगुरूदेव नाम की नाम ध्वनि रोज बोलने से तकलीफों में आराम मिलने लगता है।
आगे उन्होंने यह भी बताया कि, इस समय लोगों का खान पान बिगड़ गया है, देश के युवा हत्या, हिंसा, नशा करने लगे, लोगों का चरित्र गिरने लगा है लोग अपने कर्तव्यों को भूल गए जिससे वह मालिक नाराज हैं। अब मालिक सख्त से सख्त सजा देने जा रहा है। आगे मिश्रा जी ने बताया कि, बाबा उमाकांत जी महाराज ने आम जन मानस से अपील की है कि, सभी लोग शाकाहारी, नशा मुक्त, देशभक्त ,चरित्रवान हो जाएं और अपने मालिक, अपने प्रभु को याद करने लगे तो भारत देश को विश्व गुरु बनने में अब देर नहीं लगेगी।

कार्यक्रम में प्रमुख रूप से हिंदू जागरण मंच प्रदेश प्रभारी विमल दुबेदी, सी. एल यादव पूर्व राज्य मंत्री, संतोष सिंह, पुरवा नगर पंचायत अध्यक्ष रेनू गुप्ता, डॉ अशोक दुबे, जयशंकर पाण्डेय, अरुण मिश्रा एडवोकेट, बृजेश शुक्ला, संकटा प्रसाद शुक्ला, जगदीश पटेल, सत्य प्रकाश शुक्ला, राजकुमार, दिनेश साहू, गयालाल, देवेन्द्र शर्मा, नीलम रानी गुप्ता, ओम प्रकाश शुक्ला सहित सैकड़ों लोग शामिल हुए।